MSME समाधान: अटका पेमेंट 3x ब्याज़ के साथ वापस
यह क्या है?
MSMED Act के अनुसार बायर को MSME सप्लायर का पेमेंट 45 दिन के अंदर देना कानूनी रूप से अनिवार्य है। न देने पर आप MSME समाधान पोर्टल पर केस फाइल कर सकते हैं — और बायर को बैंक रेट का 3 गुना कंपाउंड ब्याज़ के साथ पेमेंट देना पड़ता है।
कितना मिलेगा?
| क्या | विवरण |
|---|---|
| मूलधन | पूरा अटका हुआ पेमेंट |
| ब्याज़ | RBI बैंक रेट का 3x, मासिक कंपाउंड — ड्यू डेट से भुगतान तक |
पात्रता
- सप्लाई के समय आपके पास Udyam रजिस्ट्रेशन हो
- इनवॉइस/PO/डिलीवरी का प्रमाण हो
- पेमेंट 45 दिन (या लिखित सहमति, जो भी कम हो) से अधिक अटका हो
फाइल कैसे करें
-
samadhaan.msme.gov.in पर Udyam नंबर से लॉगिन करें
- बायर डिटेल्स, इनवॉइस, डिलीवरी प्रूफ अपलोड करें
- एप्लीकेशन MSE Facilitation Council (MSEFC) को जाती है
- काउंसिल कॉन्सिलिएशन → आर्बिट्रेशन; अवॉर्ड कानूनी रूप से enforceable है
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
कितना समय लगता है?
कानून में 90 दिन का लक्ष्य है; व्यवहार में councils पर लोड के कारण अधिक लग सकता है। फिर भी यह सिविल कोर्ट से बहुत तेज़ है।
क्या बायर ब्याज़ को खर्च दिखा सकता है?
नहीं — MSMED Act के अंतर्गत यह ब्याज़ बायर के लिए टैक्स-डिडक्टिबल नहीं होता। इसलिए बायर्स पर सेटल करने का दबाव रहता है।
पेमेंट रिकवरी केस फाइल करवाना है?
ClaimDesk (A NorthStar Advisors brand, नोएडा) डॉक्यूमेंटेशन से लेकर फाइलिंग और फॉलो-अप तक पूरा काम हैंडल करता है। पहली बातचीत बिल्कुल फ्री।
MSMEUP.com स्वतंत्र जानकारी और टूल्स है — मुफ़्त, और किसी कंसल्टेंसी द्वारा संचालित नहीं। ClaimDesk एक अलग, निजी कंसल्टेंसी है (A NorthStar Advisors brand) जो प्रोफेशनल फाइलिंग मदद चाहने वालों के लिए है; इसकी फीस उसी सेवा के लिए है, सरकारी शुल्क नहीं, और इसका इस्तेमाल पूरी तरह वैकल्पिक है — MSMEUP की गाइड्स और टूल्स इसके बिना भी उतने ही काम करते हैं।
आधिकारिक पोर्टल: samadhaan.msme.gov.in अंतिम समीक्षा: अगस्त 2026
यह पेज सार्वजनिक रूप से उपलब्ध स्कीम जानकारी का सार है। आवेदन करने या क्लेम फाइल करने से पहले, मौजूदा आधिकारिक अधिसूचना, आवेदन फॉर्म और सटीक पात्रता शर्तें हमेशा ऊपर दिए पोर्टल पर जाकर पुष्टि करें।